दुर्ग पुलिस की बड़ी स्ट्राइक: साइबर ठगों को बैंक खाता बेचने वाले 26 ‘म्यूल अकाउंट होल्डर्स’ गिरफ्तार, करोड़ों के हेरफेर का पर्दाफाश
राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक वीरेंद्र कुमार
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दुर्ग पुलिस की बड़ी स्ट्राइक: साइबर ठगों को बैंक खाता बेचने वाले 26 ‘म्यूल अकाउंट होल्डर्स’ गिरफ्तार, करोड़ों के हेरफेर का पर्दाफाश
भिलाई नगर। दुर्ग जिले में बढ़ते साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए भिलाई नगर पुलिस ने एक बहुत बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले लेयर-1 के 26 म्यूल (Mule) बैंक खाताधारकों को दबोचा है।
इन आरोपियों ने चंद पैसों के लालच में अपने बैंक खातों को साइबर अपराधियों के हवाले कर दिया था, जिनका इस्तेमाल मासूम लोगों से ठगी गई रकम को छिपाने और ट्रांसफर करने के लिए किया जा रहा था।
सिम से लेकर इंटरनेट बैंकिंग तक सब कुछ बेचा
पुलिस जांच में यह बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों ने साइबर अपराधियों को सीधे तौर पर मदद पहुंचाई थी।
इन लोगों ने अपने:
बैंक खाते और पासबुक
एटीएम कार्ड (ATM Cards)चेकबुक (Checkbooks)मोबाइल सिम कार्ड
इंटरनेट बैंकिंग आईडी और पासवर्ड इन सभी गोपनीय बैंकिंग सुविधाओं को ठगों को सौंप दिया था। साइबर अपराधी इन खातों का उपयोग ठगी की रकम मंगाने, उसे दूसरे खातों में लेयरिंग (लेयर-2 और लेयर-3) के जरिए ट्रांसफर करने और एटीएम से कैश निकालने के लिए कर रहे थे।
21 अप्रैल से शुरू हुई थी विशेष जांच
पुलिस मुख्यालय तकनीकी सेवा (साइबर) से मिले कड़े निर्देशों के बाद भिलाई नगर पुलिस ने एक्शन प्लान तैयार किया। पुलिस ने 21 अप्रैल 2026 से पंजाब नेशनल बैंक (PNB) के उन संदिग्ध खातों की स्क्रूटनी शुरू की, जिनके खिलाफ देशभर से साइबर ठगी की शिकायतें दर्ज थीं।
कड़ियों को जोड़ते हुए पुलिस आखिरकार इन 26 खाताधारकों तक पहुँचने में कामयाब रही।बीएनएस की नई धाराओं में केस दर्ज, साक्ष्य जब्तभिलाई नगर पुलिस ने इन सभी आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सख्त धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है:
धारा 318(2), 318(3), 318(4): धोखाधड़ी और बेईमानी से संपत्ति सौंपने के लिए प्रेरित करना।
धारा 3(5) BNS: सामान्य आशय को आगे बढ़ाने में कई व्यक्तियों द्वारा किया गया कृत्य।
जब्ती: पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड, अन्य बैंकिंग दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य (मोबाइल फोन आदि) बरामद किए हैं।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की सूची:पुलिस ने जिन 26 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया है, उनके नाम और पते इस प्रकार हैं:
शंकर चौधरी (50) – संत रविदास नगर, छावनी
कार्तिये साहू (24) – सेक्टर-06, भिलाई
रूपेश कुमार देवांगन (20) – सेक्टर-04, भिलाई
अनिल कुमार शर्मा (58) – न्यू हाउसिंग बोर्ड, जामुल
कमल दास मानिकपुरी (33) – शारदा पारा, छावनी
पुरुषोत्तम भारती (25) – लक्ष्मी नगर, सुपेला
राकेश कुमार निर्मलकर (33) – ग्राम बोरी
राहुल मेश्राम (25) – नेहरू नगर, भिलाई
हिमांशु यादव (23) – गोवर्धन चौक, नेवई
अरविंद पासवान (20) – कैलाश नगर, दुर्ग
आदित्य कुमार वर्मा (23) – कोहका बजरंग पारा, सुपेला
शैलेन्द्र विश्वकर्मा (24) – गंजपारा, दुर्ग
मोहम्मद कमाल (28) – सुपेला पांच रास्ता, भिलाई
महेन्द्र कुमार साहू (26) – ग्राम डुमरडीह
दुर्गा प्रसाद ठाकुर (27) – इन्द्रा नगर, उतई
सचिन मेश्राम (44) – बाम्बे आवास, उरला, दुर्ग
नारायण देवांगन (27) – मीनाक्षी नगर, दुर्ग
आशूतोष मिश्रा (24) – सर्कुलर मार्केट, कैम्प-02, छावनी
अभिषेक कुमार वर्मा (25) – शारदा पारा, छावनी
जितेन्द्र हरीश कुमार (24) – सेक्टर-11, जोन-02, खुर्सीपार, भिलाई
प्रभावती (50) – मिलन चौक, छावनी
गीता लाजेवार (45) – पंजाबी मोहल्ला, खुर्सीपार
सतविन्दर कौर (30) – ढांचा भवन, जामुल
श्रुति वर्मा (28) – ग्राम मेहकाखुर्द, पाटन
प्रेम शीला चौधरी (27) – वार्ड-46, खुर्सीपार, भिलाई
अंकिता बंजारे (22) – शंकर नगर, छावनी
आम जनता के लिए पुलिस की अपील (सावधान रहें):
भिलाई पुलिस ने इस कार्रवाई के बाद नागरिकों को सचेत किया है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति को कमीशन या पैसों के लालच में अपना बैंक खाता, एटीएम या सिम कार्ड किराए पर या बेचने के लिए न दें। ऐसा करना कानूनन अपराध है और मुख्य ठग के साथ-साथ खाताधारक को भी जेल की हवा खानी पड़ेगी।





