खैरागढ़: अवैध खाद के बड़े खेल का पर्दाफाश, 600 बोरी उर्वरक जब्त, गोदाम सील

 खैरागढ़: अवैध खाद के बड़े खेल का पर्दाफाश, 600 बोरी उर्वरक जब्त, गोदाम सील

राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक वीरेंद्र कुमार

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खैरागढ़: अवैध खाद के बड़े खेल का पर्दाफाश, 600 बोरी उर्वरक जब्त, गोदाम सील

खैरागढ़। खरीफ सीजन की शुरुआत से पहले किसानों को नकली और गुणवत्ताहीन कृषि इनपुट से बचाने के लिए कृषि विभाग ने कमर कस ली है। जिलेभर में गुणवत्तायुक्त खाद, बीज और कीटनाशक की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए निरीक्षण अभियान को तेज कर दिया गया है। इसी कड़ी में मंगलवार को कृषि विभाग की टीम ने विभिन्न कृषि केंद्रों पर औचक दबिश दी। इस कार्रवाई के दौरान विकासखंड खैरागढ़ के ग्राम सिंघौरी में अवैध रूप से उर्वरक भंडारण का एक बड़ा मामला सामने आया है।

📦 बिना नाम-पते की 600 बोरियां बरामद

जांच के दौरान टीम ने सिंघौरी निवासी मोतीपाल के गोदाम पर छापा मारा। वहाँ भारी मात्रा में संदिग्ध खाद का स्टॉक देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए। गोदाम में सफेद प्लास्टिक की बोरियों में उर्वरक भरा हुआ था, जिस पर न तो किसी कंपनी का नाम दर्ज था, न ही कोई बैच नंबर या अन्य जरूरी जानकारियां थीं। विभाग ने मौके से तत्काल लगभग 600 सफेद प्लास्टिक बोरी अवैध उर्वरक बरामद किया।

🔒 नमूने लिए, गोदाम किया गया सील

बंदसहायक संचालक कृषि लुकमान साहू के नेतृत्व में पहुंची टीम ने मौके पर ही जब्ती की सख्त कार्रवाई की। कृषि अधिकारियों ने जब्त किए गए संदिग्ध उर्वरक के नमूने (सैंपल) कलेक्ट किए हैं, जिन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जाएगा। इसके साथ ही आगामी आदेश तक संबंधित गोदाम को पूरी तरह से सीलबंद (सील) कर दिया गया है।📄 उर्वरक नियंत्रण आदेश के उल्लंघन पर नोटिसकृषि विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, यह पूरा मामला उर्वरक नियंत्रण आदेश के नियमों का खुला उल्लंघन है। बिना वैध दस्तावेजों और बिना ब्रांडिंग के इतनी बड़ी मात्रा में खाद का भंडारण करना कानूनन अपराध है। विभाग ने संबंधित आरोपी व्यक्ति को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि नोटिस के जवाब और लैब रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार आगे की सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

⚠️ विभाग की चेतावनी:

जारी रहेगा अभियानकृषि विभाग ने साफ किया है कि खरीफ सीजन के दौरान किसानों के साथ किसी भी तरह की धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि कोई भी विक्रेता अवैध भंडारण, कालाबाजारी या बिना मानक वाले कृषि उत्पादों की बिक्री करते पाया गया, तो उसका लाइसेंस रद्द करने के साथ-साथ एफआईआर (FIR) भी दर्ज कराई जाएगी। आने वाले दिनों में यह औचक निरीक्षण अभियान और तेज होगा।