रायपुर: ज्वैलरी दुकान में लाखों की चोरी का संदिग्ध नाबालिग पुलिस को देख घबराया, फांसी लगाकर की आत्महत्या; विभाग में हड़कंप

 रायपुर: ज्वैलरी दुकान में लाखों की चोरी का संदिग्ध नाबालिग पुलिस को देख घबराया, फांसी लगाकर की आत्महत्या; विभाग में हड़कंप

राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ अली खान संपादक वीरेंद्र कुमार

*********************************

 

 

 

रायपुर: ज्वैलरी दुकान में लाखों की चोरी का संदिग्ध नाबालिग पुलिस को देख घबराया, फांसी लगाकर की आत्महत्या; विभाग में हड़कंप

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के शंकर नगर स्थित लक्ष्य ज्वैलर्स में हुई लाखों रुपये की चोरी की जांच के दौरान एक बेहद संवेदनशील और सनसनीखेज मोड़ आ गया है। मामले में संदिग्ध एक नाबालिग ने अपने ही घर में कथित तौर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है।

इस घटना के बाद से पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है और पूरे इलाके में तनाव व चर्चा का माहौल है।पुलिस को देख कमरे में हुआ बंद, फिर उठाया खौफनाक कदमजानकारी के मुताबिक, चोरी के इस बड़े मामले की तफ्तीश में जुटी पुलिस टीम पूछताछ के लिए नाबालिग संदिग्ध के घर पहुंची थी। बताया जा रहा है कि पुलिस की टीम को अपने घर के बाहर खड़ा देखकर नाबालिग बुरी तरह घबरा गया। वह फौरन भागकर अपने कमरे में गया और अंदर से दरवाजा बंद कर लिया। काफी देर तक जब उसने कमरा नहीं खोला, तो परिजनों और पुलिस ने अनहोनी की आशंका में अंदर झांका। वहां नाबालिग का शव फंदे पर लटका हुआ मिला।घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और इलाके को घेरकर जांच शुरू कर दी। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मृतक नाबालिग का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। उसके खिलाफ पहले भी चोरी, मारपीट और चाकूबाजी जैसे कई मामले दर्ज थे।

फिलहाल पुलिस इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि इस आत्मघाती कदम के पीछे मानसिक दबाव था, पुलिस का डर था या कोई अन्य वजह थी।लक्ष्य ज्वैलर्स में हुई थी बड़ी चोरीयह पूरा मामला शंकर नगर स्थित लक्ष्य ज्वैलर्स में हुई एक बड़ी चोरी से जुड़ा हुआ है। दुकान के संचालक वंश कुमार मुरपानी ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि 9 मई की रात को वे दुकान बंद करके गए थे। इसके बाद जब वे 11 मई की सुबह दुकान पहुंचे, तो शटर के ताले टूटे हुए थे। दुकान के अंदर रखे सोने-चांदी के जेवरात, सिक्के और बिस्कुट गायब थे।40 सदस्यीय विशेष टीम ने 10 घंटे में की थी कार्रवाईचोरी की इस गंभीर वारदात को देखते हुए रायपुर पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला के निर्देश पर तुरंत 40 सदस्यीय एक विशेष टीम का गठन किया गया था।

टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए इलाके के 300 से अधिक सीसीटीवी (CCTV) फुटेज खंगाले और कई पुराने अपराधियों से पूछताछ की। इस सघन अभियान के दौरान पुलिस ने घटना के महज 10 घंटे के भीतर एक नाबालिग को हिरासत में लिया था।

अन्य मामलों का भी हुआ था खुलासा, साथी फरारपुलिस हिरासत में हुई पूछताछ के दौरान नाबालिग ने लक्ष्य ज्वैलर्स में अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देने की बात कबूल की थी। इतना ही नहीं, उसने मंदिर हसौद और अभनपुर क्षेत्र की ज्वैलरी दुकानों में भी चोरी करने तथा चोरी के प्रयास की अन्य घटनाओं में शामिल होने की जानकारी दी थी।इस वारदात में शामिल उसके अन्य साथी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस अब इस पूरे मामले में दोहरे एंगल से काम कर रही है—एक तरफ लाखों की चोरी और फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है, वहीं दूसरी तरफ नाबालिग की आत्महत्या के कारणों की अलग से विस्तृत जांच की जा रही है।