सौरभ शर्मा प्रकरण के बाद सरकार बड़ा एक्शन… डीपी गुप्ता को हटाया, विवेक शर्मा बने नए परिवहन आयुक्त
राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक बीरेंद्र कुमार चौधरी
डीपी गुप्ता को हटाकर विवेक शर्मा नियुक्त।
सौरभ शर्मा के मामले के बाद हुआ बदलाव।
छापे में सोना और नगद रकम बरामद हुई थी।
भोपाल। मध्य प्रदेश परिवहन विभाग के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा व करीबियों के यहां लोकायुक्त छापे में लगभग 100 करोड़ रुपये की संपत्ति मिलने के बाद सरकार ने परिवहन आयुक्त डीपी गुप्ता को हटा दिया है। उन्हें पुलिस मुख्यालय में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजी) पदस्थ किया है। उनकी जगह 1998 बैच के आइपीएस एडीजी (योजना) विवेक शर्मा को परिवहन आयुक्त बनाया है। एडीजी प्रबंध योगेश चौधरी को योजना का अतिरिक्त प्रभार दिया है।
गृह विभाग ने गुरुवार को इसके आदेश जारी कर दिए हैं। सौरभ शर्मा मामले में मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव का यह पहला बड़ा कदम है। कुछ और अधिकारियों को हटाने और विभागीय जांच की कार्रवाई हो सकती है। इस छापे के बाद कांग्रेस ने भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए सरकार को घेरा था।
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने भ्रष्टाचार को लेकर कुछ लोगों पर नामजद आरोप लगाए थे। ऐसे में सरकार ने गुप्ता हटा दिया है। चार फरवरी 2024 को डीपी गुप्ता को परिवहन आयुक्त बनाया गया था। सात फरवरी को एक अन्य एडीजी उमेश जोगा को अतिरिक्त परिवहन आयुक्त बनाया था। सात अक्टूबर को जोगा को हटाकर आइजी उज्जैन रेंज बनाया गया।
परिवहन नाकों की थी सौरभ के पास मिली संपत्ति
छापे में ऐसे परिवहन विभाग आया घेरे में सौरभ शर्मा जून 2023 तक परिवहन विभाग में पदस्थ था। इसके बाद उसने त्याग पत्र दे दिया था, लेकिन परिवहन विभाग में उसकी सक्रियता पहले जैसी ही थी। लोकायुक्त छापे के दूसरे दिन भोपाल में एक कार में 54 किलो सोना और 10 करोड़ रुपये नकद मिले थे। यह कार सौरभ के सहयोगी चेतन के नाम थी, लेकिन उपयोग सौरभ ही करता था।
इसमें एक डायरी मिली थी, जिसमें कई आरटीओ, परिवहन विभाग के अधिकारियों और नेताओं के नाम बताए जा रहे हैं। इसके अतिरिक्त लोकायुक्त छापे में सौरभ के कार्यालय से कई आरटीओ अधिकारियों की सील व परिवहन चौकियों में उपयोग होने वाले रसीद कट्टे मिले थे। संदेह है कि सौरभ के पास मिली संपत्ति परिवहन नाकों की ही है।





