महासमुंद: शिक्षिका की कार्यप्रणाली से नाराज ग्रामीणों ने स्कूल में जड़ा ताला, बीईओ के आश्वासन के बाद खुला गेट
राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक वीरेंद्र कुमार
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महासमुंद: शिक्षिका की कार्यप्रणाली से नाराज ग्रामीणों ने स्कूल में जड़ा ताला, बीईओ के आश्वासन के बाद खुला गेट
सरायपाली (महासमुंद):महासमुंद जिले के सिंगबहाल गांव में स्थित शासकीय प्राथमिक शाला में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब बच्चों के भविष्य को लेकर चिंतित परिजनों ने स्कूल के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि स्कूल में पदस्थ शिक्षिका कंचन भोई बच्चों को ठीक से नहीं पढ़ा रही हैं, जिससे छात्रों का शैक्षणिक स्तर लगातार गिर रहा है।
7 दिन का अल्टीमेटम हुआ था खत्म
जानकारी के अनुसार, इस प्राथमिक शाला में कुल 18 बच्चे दर्ज हैं, जिन्हें पढ़ाने के लिए दो शिक्षक नियुक्त हैं। परिजनों का कहना है कि उन्होंने शिक्षिका की कार्यशैली की शिकायत पहले भी खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) और एसडीएम (SDM) से की थी। ग्रामीणों ने प्रशासन को शिक्षिका को हटाने के लिए 7 दिनों का समय दिया था, लेकिन समय सीमा बीत जाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं होने पर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा।
जमकर हुई नारेबाजी, एक घंटे बाधित रही पढ़ाई
नाराज परिजनों और ग्रामीणों ने स्कूल पहुंचकर मुख्य द्वार पर ताला लगा दिया और करीब एक घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की गई। प्रदर्शन के चलते स्कूल की पढ़ाई पूरी तरह ठप रही। ग्रामीणों का कहना है कि अगर बच्चों की नींव ही कमजोर रहेगी, तो उनका भविष्य अंधकारमय हो जाएगा।
बीईओ की समझाइश पर माना ग्रामीण
मामले की गंभीरता को देखते हुए सरायपाली बीईओ तत्काल मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों से चर्चा कर उनकी मांगों को सुना और आश्वस्त किया कि शिक्षिका के विरुद्ध नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी। बीईओ के लिखित/मौखिक आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने स्कूल का ताला खोला। हालांकि, ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही शिक्षिका को नहीं हटाया गया, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।












