राजनांदगांव में अवैध धान पर प्रशासन का बड़ा प्रहार: 75 लाख से अधिक का धान जब्त, अब तक कुल 7.48 करोड़ की कार्रवाई
प्राइम सी 24 न्यूज से दुर्ग संभाग ब्यूरो चीफ जावेद खान की रिपोर्ट
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राजनांदगांव में अवैध धान पर प्रशासन का बड़ा प्रहार: 75 लाख से अधिक का धान जब्त, अब तक कुल 7.48 करोड़ की कार्रवाई
राजनांदगांव, राजनांदगांव जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के दौरान अवैध धान की बिक्री और कोचियों व बिचौलियों की सक्रियता को रोकने के लिए प्रशासन द्वारा कड़ी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में, शनिवार को राजस्व, खाद्य और मंडी विभाग के एक संयुक्त दल ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुल 4 प्रकरणों में 75 लाख 37 हजार 960 रुपये मूल्य का 2431.60 क्विंटल (6079 बोरा) अवैध धान जब्त किया है। प्रशासन की इस सख्ती से अवैध कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
अभियान के तहत अब तक के कुल आंकड़े
जिले में अवैध धान के खिलाफ चलाए जा रहे निरंतर अभियान के तहत अब तक कुल 174 प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इन प्रकरणों में कुल 7 करोड़ 48 लाख 63 हजार 326 रुपये मूल्य का 24149.46 क्विंटल (60374 बोरा) अवैध धान और 17 वाहन जब्त किए जा चुके हैं।
शनिवार की कार्रवाई का विवरण
शनिवार को की गई कार्रवाई में, राजनांदगांव अनुविभाग में 2 प्रकरणों में सर्वाधिक 58 लाख 88 हजार 760 रुपये मूल्य का 1899.60 क्विंटल (4749 बोरा) अवैध धान जब्त हुआ। इसके अतिरिक्त, डोंगरगांव में 1 प्रकरण में 16 लाख 5 हजार 800 रुपये मूल्य का 518 क्विंटल (1295 बोरा) और डोंगरगढ़ अनुविभाग में 1 प्रकरण में 43 हजार 400 रुपये मूल्य का 14 क्विंटल (35 बोरा) अवैध धान जब्त किया गया।
अनुविभाग-वार अब तक की कुल कार्रवाई
खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में अब तक के कुल आंकड़ों के अनुसार:
राजनांदगांव अनुविभाग: 77 प्रकरणों में 4 करोड़ 46 लाख 2 हजार 800 रुपये मूल्य का 14388 क्विंटल (35970 बोरा) अवैध धान और 7 वाहन जब्त।
डोंगरगढ़ अनुविभाग: 47 प्रकरणों में 1 करोड़ 32 लाख 16 हजार 106 रुपये मूल्य का 4263.26 क्विंटल (10658 बोरा) अवैध धान और 2 वाहन जब्त।
डोंगरगांव अनुविभाग: 50 प्रकरणों में 1 करोड़ 70 लाख 44 हजार 420 रुपये मूल्य का 5498.20 क्विंटल (13746 बोरा) अवैध धान और 8 वाहन जब्त।
सतर्कता और जांच के सख्त निर्देश
प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि कोचियों और बिचौलियों पर यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। जिले के 1500 छोटे और बड़े मंडी अनुज्ञप्तिधारियों को सूचीबद्ध किया गया है। अनुविभागीय अधिकारी, तहसीलदार, खाद्य और मंडी अधिकारियों को इन पर पैनी नज़र रखने और जांच के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
अंतर्राज्यीय स्तर पर अवैध धान की आवक को पूरी तरह रोकने के लिए जिले की सीमाओं पर तीन अंतर्राज्यीय चेकपोस्ट भी स्थापित किए गए हैं, जिनमें बोरतलाब, पाटेकोहरा और कल्लूबंजारी शामिल हैं। इन चेकपोस्ट के माध्यम से कड़ी निगरानी रखी जा रही है ताकि बाहरी राज्यों से आने वाले अवैध धान को रोका जा सके।








