रेलवे स्टेशन पर जितने प्लेटफार्म, उतने रंग की होगी फूड वेंडरों की यूनिफार्म

 रेलवे स्टेशन पर जितने प्लेटफार्म, उतने रंग की होगी फूड वेंडरों की यूनिफार्म

राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक बीरेंद्र कुमार चौधरी

 

जबलपुर रेल मंडल का अवैध वेंडरों की रोकथाम के लिए नवाचार

यह प्रयोग सफल रहा तो देशभर में होगा लागू

प्लेटफार्म एक पर तैनात वेंडर को स्काई ब्लू टीशर्ट और इस रंग का ही पेंट पहनना होगा

 

जबलपुर । अवैध वेंडरों की पहचान करने के लिए जबलपुर रेल मंडल, जबलपुर स्टेशन पर एक नया प्रयोग करने जा रहा है। इसमें वैध वेंडर को प्लेटफार्म के आधार पर ड्रेस कोड दिया जाएगा। स्टेशन पर जितने प्लेटफार्म होंगे, उतने रंग की यूनिफार्म होंगी, ताकि वैध के बीच अवैध वेंडर आते ही उन्हें पहचाना जा सके। इसका सीधा फायदा यह होगा कि वैध वेंडर निर्धारित प्लेटफार्म पर ही सामग्री का विक्रय कर सकेंगे। इन वेंडर पर सीसीटीवी कैमरों से भी नजर रखी जाएगी। इस प्रयोग के बेहतर परिणाम सामने आए तो इस व्यवस्था को देशभर के सभी रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म पर लागू किया जाएगा।

जबलपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म एक पर तैनात वेंडर को स्काई ब्लू टीशर्ट और इस रंग का ही पेंट पहनना होगा। प्लेटफार्म दो और तीन पर तैनात वेंडर को ग्रे रंग की टीशर्ट, प्लेटफार्म चार-पांच में नेवी ब्लू टीशर्ट और प्लेटफार्म छह पर डार्क महरून रंग की टीशर्ट-पेंट होगा।

 

 

इसके साथ ही इन वेंडर को बार कोड वाले आइकार्ड दिए गए हैं, ताकि कोई भी अधिकारी या यात्री, मोबाइल से इनके आइकार्ड में दिखाए गए बारकोड को स्कैन करके उनकी जानकारी ले सकता है। जबलपुर स्टेशन में इस समय 480 से ज्यादा वेंडर हैं, जो लगभग 50 से ज्यादा स्टाल पर तैनात किए गए हैं। इधर जबलपुर रेल मंडल की बात की जाए तो इसकी सीमा में आने वाले प्रमुख 30 रेलवे स्टेशनों में तैनात वेंडर की संख्या लगभग 1572 हैं।

इनका कहना है

जबलपुर रेलवे स्टेशन पर हम एक नया प्रयोग करने जा रहे हैं, जिसमें हर प्लेटफार्म पर तैनात वेंडर की यूनिफार्म अलग होगी। इससे वैध और अवैध वेंडर की पहचान करना आसानी होगी। यह प्रयोग सफल रहा तो इसके परिणाम को बोर्ड भेजा जाएगा।

 

-डा. मधुर वर्मा, सीनियर डीसीएम, जबलपुर रेल मंडल