छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में कनकेश्वर धाम में संरक्षित पक्षी घोंघिला का शिकार कर मना रहा था पार्टी, वन विभाग ने किया गिरफ्तार
राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक वीरेंद्र कुमार
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कोरबा के कनकेश्वर धाम में एक संरक्षित पक्षी घोंघिला (एशियन ओपनबिल स्टॉर्क) के शिकार का मामला सामने आया है। वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए आरोपी समार सिंह धनवार को गिरफ्तार किया है।
कोरबा।कोरबा के कनकेश्वर धाम में एक संरक्षित पक्षी घोंघिला (एशियन ओपनबिल स्टॉर्क) के शिकार का मामला सामने आया है। वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए आरोपी समार सिंह धनवार को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने गुलेल से तीन पक्षियों का शिकार किया था, जिसमें से एक को पकाकर खा लिया था और दो अन्य पक्षी घर पर मिले। वन विभाग ने आरोपी के खिलाफ वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
बताया जा रहा है कि करतला वन परिक्षेत्र के अंतर्गत सैंडल परिसर के ग्राम कनकेश्वर धाम में एक संरक्षित पक्षी एशियाई ओपन बिल स्टॉक के शिकार का मामला सामने आया है। वन विभाग को मूवी से सूचना मिली कि कनकी निवासी समार सिंह 20 वर्षीय युवक पक्षियों का शिकार करके अपने ही घर के पास बाड़ी में पिकनिक बना रहा था जहां वन विभाग को मिली मुखबिर की सूचना पर टीम के साथ छापा मारा जहां युवक को पक्षी का सब्जी बनाते पकड़ा गया और उनसे पूछताछ की गई जहां उसने एक पक्षी को मार कर सब्जी बनाना स्वीकार किया वन विभाग की टीम ने उसके घर पर भी छापा मारा और उसके घर के किचन से एक अमृत अवस्था में पक्षी बरामद किया वही एक जिंदा था जिसके पैर में चोट के निशान थे पुलिस ने तत्काल घायल पक्षी का इलाज शुरू किया और इलाज उसका जारी है वहीं युवक से वन विभाग ने पूछताछ की तो जानकारी मिली थी युवक गांव के ही मंदिर के पीछे गुलेल से तीन पक्षियों का शिकार किया था।
इस मामले में वन परिक्षेत्र अधिकारी रघुनाथ सिंह राठिया ने बताया कि मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर तत्काल कार्रवाई की गई। वहीं आरोपी के विरुद्ध वन प्राणी संरक्षण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज न्यायालय में पेश किया गया। इस कार्रवाई में उप मंडल अधिकारी दक्षिण सूर्यकांत सोनी के निर्देशन में परिसर सैंडल के वन अधिकारी कपिल कुमार कंवर विजेंद्र कुमार, हरिनारायण बंजारे वेदराज बिंझवार मौके पर उपस्थित रहे।
वन विभाग के द्वारा कनकेश्वर धाम में स्थित एशियाई ओपन बिल स्ट्रॉक पक्षी के संरक्षण के लिए काफी प्रयास किया जा रहा है जहां हर वर्ष बरसात के आने से पहले ही साथ समुंदर पार करके यह विदेशी पक्षी कोरबा के कनकेश्वर धाम में पहुंचते हैं और प्रजनन क्रिया अपनाते हैं जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि उन पक्षियों के लिए यहां का वातावरण सुरक्षित है जहां पक्षियों के संरक्षण के लिए यहां पेड़ों को संरक्षित किया गया है वही उनके शिकार पर प्रतिबंध लगाया गया है।








