प्रेमिका से मिलने के लिए घर से निकला था युवक, करंट लगने से हुई मौत
राज्य ब्यूरो मोहम्मद आसिफ खान संपादक बीरेंद्र कुमार चौधरी
छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में 20 दिन से लापता युवक की जली हुई राख मिलने से सनसनी फैल गई। पुलिस युवक को 20 दिन से ढूंढ रही थी लेकिन अब युवक तो नहीं मिला लेकिन उसकी जली हुई राख मिली। युवक आधी रात जंगल में प्रेमिका से मिलने गया था। इसी बीच युवक शिकारियों के बिछाए जाल में फंस गया और करंट से उसकी मौत हो गई।
20 दिन से लापता युवक की जली हुई राख मिलने से सनसनी फैल गई
रायपुर। छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में 20 दिन से लापता युवक की जली हुई राख मिलने से सनसनी फैल गई। पुलिस युवक को 20 दिन से ढूंढ रही थी लेकिन अब युवक तो नहीं मिला लेकिन उसकी जली हुई राख मिली। युवक आधी रात जंगल में प्रेमिका से मिलने गया था। इसी बीच युवक शिकारियों के बिछाए जाल में फंस गया और करंट से उसकी मौत हो गई।
शव को घटनास्थल से 15 किलोमीटर दूर ले जाकर जलाया
लाश को ठिकाने लगाने शिकारी शव को घटनास्थल से 15 किलोमीटर दूर ले गए। इसके बाद लाश को दो दिनों तक जलाया, ताकि कोई सबूत ही न बचे। हत्या स्वीकार करने के बाद चार आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। जानकारी के मुताबिक मामला सारंगढ़ बिलाईगढ़ के सरसीवां थाना क्षेत्र के बेलाडुला चौकी का है।
दरअसल प्रार्थी जगेश्वर साहू ने 5 फरवरी को अपने बेटे मनोज कुमार साहू की गुमशुदगी की रिपोर्ट पुलिस चौकी में दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार, मनोज अपने गांव के ठेकेदार मनहरण साहू के साथ तेंदुदरहा गया था, लेकिन वापस नहीं लौटा। पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर युवक की तलाश शुरू की।
आरोपियों ने जुर्म कबूला
जांच के दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि घटना के दिन सुबह-सुबह राजेश सिंह नेताम, गौरसिंह सिदार, भानूसिंह नेताम और चैनसिंह जगत को तेंदुदरहा के खेतों की ओर जाते देखा गया था। पुलिस ने चारों संदिग्धों को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की तो उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
जंगली सुअर के शिकार के लिए बिजली के तार लगा रहे थे शिकारी
आरोपियों ने बताया कि 4 फरवरी की शाम करीब 6 बजे वे अपने खेत में जंगली सुअर के शिकार के लिए बिजली के तार लगा रहे थे। अगले दिन सुबह 4 बजे तार में फंसकर कोई व्यक्ति झुलसा मिला। जब उन्होंने मौके पर जाकर देखा, तो वह मनोज कुमार साहू था, जो करंट से बुरी तरह झुलस चुका था और उसकी मौत हो चुकी थी।
पुलिस से बचने के लिए शव को जला दिया
घबराए आरोपियों ने हत्या को छिपाने के लिए मनोज के शव को राजेश सिंह नेताम के ट्रैक्टर में रखकर तेंदुदरहा से लगभग 15 किमी दूर पिरदा इलाके के चारपाली गांव के पास चिलमघाटी ले गए। वहां उन्होंने शव को पैरावट में डालकर आग लगा दी। लेकिन सबूत मिटाने के लिए दूसरे दिन फिर लौटकर शव को पूरी तरह जला दिया।
20 दिनों पहले गुमशुदुगी की रिपोर्ट पर पुलिस खोजबीन कर रही थी। संदिग्धों से हुई पूछताछ में खुलासा हुआ है।सबूतों के आधार पर चार आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है।- पुष्कर शर्मा, एसपी, सारंगढ़-बिलाईगढ़





